रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकारी कर्मचारियों से जुड़े 186 संदिग्ध दिव्यांग प्रमाणपत्रों की जांच की जाएगी। सरकार ने कथित फर्जी दिव्यांग प्रमाणपत्रों के सत्यापन के लिए रायपुर में विशेष मेडिकल बोर्ड गठित करने का फैसला लिया है।
जानकारी के मुताबिक इन मामलों में यह जांच की जाएगी कि संबंधित कर्मचारियों द्वारा प्रस्तुत किए गए दिव्यांगता प्रमाणपत्र वास्तविक हैं या नहीं। सरकार का उद्देश्य प्रमाणपत्रों के सत्यापन की प्रक्रिया को तेज करना और दिव्यांगता से जुड़े लाभों के कथित दुरुपयोग पर रोक लगाना है।
विशेष मेडिकल बोर्ड करेगा सत्यापन
सरकार की योजना के अनुसार विशेष मेडिकल बोर्ड के माध्यम से संदिग्ध प्रमाणपत्रों की जांच की जाएगी। जांच के बाद प्रमाणपत्रों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।
फिलहाल इसे आरोप के तौर पर देखा जा रहा है और अंतिम स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
